छत्तीसगढ़सरगुजा

सैनिक स्कूल अंबिकापुर का 17वां स्थापना दिवस समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न

Spread the love

सैनिक स्कूल शिक्षा, अनुशासन और राष्ट्र निर्माण की नींव है- मंत्री नेताम

अंबिकापुर 01 सितम्बर  सैनिक स्कूल अम्बिकापुर का 17वां स्थापना दिवस समारोह सोमवार को बड़े ही गरिमामय और भावनात्मक वातावरण में संपन्न हुआ। यह अवसर न केवल संस्थान की उपलब्धियों का उत्सव था, बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक गरिमा, सैन्य अनुशासन और शैक्षणिक उत्कृष्टता का जीवंत प्रतीक भी बना।    समारोह में मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन के जनजातीय कल्याण एवं कृषि मंत्री श्री राम विचार नेताम रहे, जिनका इस विद्यालय से गहरा भावनात्मक जुड़ाव है। उनके साथ पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पुष्पा नेताम भी उपस्थित रहींद्य अन्य विशिष्ट अतिथियों में पर्यटन, संस्कृति, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री श्री राजेश अग्रवाल, सांसद सरगुजा श्री चिंतामणि महाराज लुंड्रा विधायक श्री प्रबोध मिंज, सीतापुर विधायक श्री राम कुमार टोप्पो और अम्बिकापुर मेयर श्रीमती मंजूषा भगत कलेक्टर श्री विलास भोसकर सहित अनेक जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए।     समारोह का शुभारंभ कैडेट्स द्वारा प्रस्तुत गॉर्ड ऑफ ऑनर से हुआ, जिसमें मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों को सैनिक अनुशासन के अनुरूप सलामी दी गई। इसके पश्चात देवी सरस्वती के आशीर्वाद स्वरुप दीप प्रज्वलन की रस्म निभाई गई। साथ ही स्थापना दिवस की परंपरानुसार केक काटा गया ।    प्राचार्या कर्नल रीमा सोबती ने स्कूल के उप प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल डॉ पी श्रीनिवास एवं प्रशासनिक अधिकारी स्क्वाड्रन लीडर जेम्स नायर की उपस्थिति में अपने स्वागत भाषण में विद्यालय की वर्ष भर की उपलब्धियों को साझा किया। उन्होंने शैक्षणिक, सहशैक्षणिक, खेलकूद और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में कैडेट्स की भागीदारी और सफलता को रेखांकित किया। उन्होंने बताया कि सैनिक स्कूल अम्बिकापुर के पूर्व कैडेट खिलानंद साहू (NDA।-रैंक 1) और अनिमेष कुजूर (एशिया के नम्बर 1 एथलीट) सैनिक स्कूल और छत्तीसगढ़ का नाम रोशन कर रहे हैं द्य

इस ऐतिहासिक दिन पर, सैनिक स्कूल अंबिकापुर के 17वें स्थापना दिवस और छत्तीसगढ़ राज्य की रजत जयंती का संयुक्त उत्सव एक अद्वितीय सांस्कृतिक और भावनात्मक संगम बन गया। जहाँ राज्य की गौरवशाली यात्रा और सैनिक स्कूल की अनुशासित शैक्षणिक परंपरा एक साथ मंच पर आलोकित हुईं। यह अवसर न केवल अतीत की उपलब्धियों को स्मरण करने का था, बल्कि भावी पीढ़ियों को प्रेरणा देने वाला एक सशक्त संदेश भी था, कि शिक्षा, संस्कृति और सेवा भाव जब एकत्रित होते हैं, तो राष्ट्र निर्माण की नींव और भी मजबूत होती है।    इस अवसर पर सैनिक स्कूल के कैडेटों ने एक शानदार रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया जिसमे उन्होंने देशभक्ति गीत ,छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य,मूक अभिनय और सबसे बढ़कर महाभारत की नाट्य गीत प्रस्तुति से उपस्थित दर्शकों का मन मोह लिया। किड्स अम्बिकन प्राइमरी स्कूल के नन्हे मुन्ने बच्चों के द्वारा प्रस्तुत नृत्य इस कार्यक्रम का एक अन्य आकर्षण रहाद्य     मुख्य अतिथि कृषि मंत्री श्री नेताम ने अपने संबोधन में विद्यालय से जुड़े अपने अनुभवों को साझा करते हुए कहा कि यह संस्थान न केवल अनुशासन और शिक्षा का केंद्र है, बल्कि यह राष्ट्र निर्माण की नींव भी है। उन्होंने कैडेट्स को देशभक्ति, समर्पण और नेतृत्व के मूल्यों को आत्मसात करने की प्रेरणा दी। उन्होंने माननीय मुख्य मंत्री की ओर से सैनिक स्कूल के लिए तीन योजनाओं- विद्यालय परिसर में सौर ऊर्जा संयंत्र की स्थापना, आधुनिक इनडोर एरेना का निर्माण तथा हॉकी में कैडेट्स की प्रतिभा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निखारने हेतु एस्ट्रोटर्फ मैदान के निर्माण का वचन दिया

विशिष्ट अतिथियों पर्यटन श्री राजेश अग्रवाल तथा श्री चिंतामणि महाराज ने भी अपने संबोधन में विद्यालय की भूमिका को सराहा और इसके कैडेटों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

इस अवसर पर विभिन्न सदनों को उनकी वार्षिक उपलब्धियों के आधार पर सम्मानित किया गया। मानेकशा सदन को खेलों में सर्वश्रेष्ठ सदन का पुरस्कार प्राप्त हुआ, जबकि अरिहंत सदन को सर्वश्रेष्ठ कनिष्ठ सदन के रूप में सम्मानित किया गया द्य अर्जन सिंह सदन को शैक्षणिक एवं सहशैक्षणिक गतिविधियों में सर्वश्रेष्ठ सदन घोषित किया गया। अर्जन सिंह सदन ने प्रतिष्ठित छक्। ट्रॉफी भी अपने नाम की, जो राष्ट्रीय रक्षा अकादमी में चयन हेतु सर्वाधिक कैडेट्स भेजने वाले सदन को प्रदान की जाती है। मुख्य अतिथि कृषि मंत्री श्री नेताम के हाथों अर्जन सिंह सदन के हाउस मास्टर श्री शशिकांत ने सर्वश्रेष्ठ सदन की ट्रॉफी प्राप्त की।

समारोह में विद्यालय के दो शिक्षकों सामाजिक विज्ञान के अध्यापक एवं एनसीसी ए. एन. ओ. श्री शिवेश राय एवं सैनिक स्कूल के संस्थापक सदस्यों में से एक हिंदी के अध्यापक श्री रवीन्द्र तिवारी को उनके उत्कृष्ट शैक्षणिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया ।

साथ ही श्री महेश सिन्हा (LDC) एवं श्री उदेश कुमार (सामान्य कर्मचारी) को भी उनके समर्पित कार्यों के लिए प्रशस्ति पत्र एवं पुरस्कार प्रदान किए गए। समारोह के अंत में स्कूल के उप प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल डॉ पी श्रीनिवास ने धन्यवाद ज्ञापन किया।

सैनिक स्कूल अम्बिकापुर का यह स्थापना दिवस समारोह न केवल उपलब्धियों का उत्सव था, बल्कि यह संस्थान की गौरवशाली परंपरा, संवेदनशील नेतृत्व और कैडेट्स की प्रतिबद्धता का जीवंत उदाहरण भी बना। समारोह की गरिमा, भावनात्मकता और प्रेरणा ने सभी उपस्थितजनों को एक अविस्मरणीय अनुभव प्रदान किया।

Fareed Khan

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Verified by MonsterInsights