
सूरजपुर/प्रतापपुर:– गोंडवाना गणतंत्र पार्टी (गोंगपा) के बैनर तले प्रतापपुर विकासखंड के भेड़िया हाईवे चौक पर एक विशाल जनसभा का आयोजन किया गया। इस प्रदर्शन का नेतृत्व गोंगपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता जयनाथ सिंह केराम और प्रदेश महासचिव रितु पन्दराम ने किया। अम्बिकापुर-वाराणसी नेशनल हाइवे पर भेड़िया चौक में इस प्रदर्शन का उद्देश्य छत्तीसगढ़ की जनता की प्रमुख समस्याओं और जनहित के मुद्दों पर ध्यान आकर्षित करना था। सभा में स्थानीय लोगों सहित हजारों कार्यकर्ताओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और सरकार के सामने विभिन्न मांगों का ज्ञापन प्रस्तुत किया गया।
सबसे पहले प्रदर्शन कारियो ने न्याय के अभाव में बृहद रूप से प्रतापपुर बनारस अंबिकापुर मुख्य मार्ग पर चक्का जाम करने की रणनीति बनाई इसमें सैकड़ो की संख्या में गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के कार्यकर्ता ग्रामीण उपस्थित थे। बनारस मुख्य मार्ग होने के कारण तथा ग्रामीणों का जल सैलाब देखकर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किए गए थे जहां माहौल को उग्र देखते हुए ट्रैकों की भी लंबी लाइन बन गई थी मौके पर प्रशासन ने पहुंचकर मांग पूरी करने का श्वसन देते हुए चक्का जाम न करने की अपील की जहां गोगप्पा पार्टी के लोगों ने चक्का जाम पर अड़े रहे वही प्रशासन के निवेदन करने पर समय मांगते हुए चक्का जाम को नहीं करते हुए आम सभा प्रारंभ किया जिसमें हजारों की संख्या में लोगों ने अपने मांगों को लेकर उग्र प्रदर्शन किया
प्रदर्शन में जन समस्याओं पर जोर..
इस जनसभा में गोंगपा ने प्रमुख रूप से आम जनता की सुरक्षा, विकास और अधिकारों के प्रति चिंता व्यक्त की। सभा को संबोधित करते हुए गोंगपा युवामोर्चा की प्रदेश महासचिव रितु पन्दराम ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्रदेश में कानून व्यवस्था के हालात चिंताजनक हो गए हैं। उन्होंने कहा कि “सरगुजा क्षेत्र के लोगों का जीवन संघर्षों से भरा है, और विकास के नाम पर लोगों को शोषण, विस्थापन, मजदूरी और जेल के अलावा कुछ हासिल नहीं हुआ।” रितु पन्दराम ने सरकारी तंत्र और अधिकारियों से अपील की कि वे वेतनभोगी होने के बजाय जनता के हित में कार्य करें और प्रदेश को शोषण मुक्त बनाएं।
अमन चैन वाले राज्य में माफियाओं का बोलबाला..
सभा में गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता जयनाथ सिंह केराम ने छत्तीसगढ़ में माफियाओं के बढ़ते प्रभाव पर चिंता जताई। उन्होंने कहा, “छत्तीसगढ़ जैसे शांत राज्य में माफियाओं का कद बढ़ रहा है, जिससे आम जनता भय के साये में जी रही है। पुलिस प्रशासन में जनता का भरोसा कम हो रहा है, और अपराध लगातार बढ़ रहे हैं।” केराम ने राज्य में कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति के मद्देनजर राष्ट्रपति शासन की मांग भी की।
अठारह सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा गया
गोंगपा के पदाधिकारियों ने जिले के एसडीएम प्रतापपुर को 18 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा और समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन को दस दिन का समय दिया। ज्ञापन में सूरजपुर जिले में हाल ही में हुए दोहरे हत्याकांड के अपराधियों के खिलाफ फास्ट ट्रैक कोर्ट में विचारण करने की मांग की गई। साथ ही, अपराधियों के अवैध धंधों से संबंधित इमारतों को ढहाने, गौचर भूमि से अवैध अतिक्रमण हटाने, अम्बिकापुर-वाराणसी सड़क की मरम्मत कराने, और वनाधिकार पट्टों का शीघ्र वितरण करने जैसे मुद्दे शामिल हैं।
स्थानीय प्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं की बड़ी भागीदारी..
इस आंदोलन में गोंगपा के स्थानीय और संभागीय पदाधिकारियों के साथ सैकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित थे। प्रमुख कार्यकर्ताओं में जिला कार्यवाहक अध्यक्ष देवसाय पोया, जिला सचिव कुमेश्वर पोया, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष कवलसाय सरूता, उपाध्यक्ष बलदेव कोराम, संभागीय सचिव राजकुमार पोया, जिला महासचिव चन्द्र दीप कोरचो, यूवा मोर्चा जिलाध्यक्ष उदय सिंह मरावी, ब्लाक अध्यक्ष छोटेलाल आयम, जिला संगठन मंत्री धर्मपाल पोया, कार्यवाहक जिलाध्यक्ष सुरेश सरूता, मंजूषा पोया, विनीता पोया, गोविंद मराबी और राजेश आयम विशेष रूप से शामिल रहे। तथा प्रशासनिक अधिकारी एसडीम ललिता भगत, एसडीओपी अरुण नेताम, प्रतापपुर थाना प्रभारी चंदौरा थाना प्रभारी रेवती थाना प्रभारी कृष्णा सिंह, सहित प्रशासनिक अधिकारी भारी संख्या में पुलिस बल तैनात था
इस प्रदर्शन में गोंडवाना गणतंत्र पार्टी ने छत्तीसगढ़ के मूलवासियों, मजदूरों, कृषकों, बेरोजगार युवाओं के अधिकारों की रक्षा और उनकी समस्याओं के निवारण की मांग की है।





